Shri Ram
पंछीड़ा लाल राजी फटी ओरे
Panchida Lal Raji Fati Ore
Rajasthani Bhajan
Shri Ram
आत्मा और शरीर के बंधन को दर्शाता पारंपरिक राजस्थानी भजन।
पंछीड़ा लाल राजी फटी ओरे, उल्टी फटी, ईश्वर ले तू भूल गया।
पंछीड़ा लाल राजी फटी ओरे।
गर्भवास में आय ने, खड़ा थारी हटी,
बाहर आया, तो माया में फटी।
पंछीड़ा लाल राजी फटी ओरे।
माया ले घर में, पूरी माया ले घर में,
ऊपर लागी, सांची फटी।
पंछीड़ा लाल राजी फटी ओरे।
यह भजन पारंपरिक/सार्वजनिक डोमेन रचना है।